जीने का मजा तो तब है, जब मुश्किलों में भी मुस्कुराओ,
हासिल-ए-जिंदगी हसरतों के सिवा और कुछ भी नहीं
तेरी चाहत में अक्सर, सभँलना भूल जाता हूँ ।
गिरकर उठने वाले ही तो इतिहास रचते हैं।
जो टूटे को बनाना और रूठे को मनाना जानता हैं!
अनजाने मोड़ पर कुछ लोग अपने बन जाते हैं,
खामोश बैठें तो लोग कहते हैं उदासी अच्छी नहीं
फर्क बस इतना है कि कोई हंस के सहता है तो कोई रो के।
जो भी मिला है वो कभी मुकम्मल क्यों नहीं है?
ये तो है ही, जिनको जिंदगी Life Shayari in Hindi सब कुछ देती है,
क्या ज़िन्दगी पर शायरी प्रेरणा का स्रोत हो सकती है?
हासिल-ए-जिंदगी हसरतों के सिवा और कुछ भी नहीं
मैंने दबी आवाज़ में पूछा? मुहब्बत करने लगी हो?
बस बचपन की जिद्द समझौतों में बदल जाती हैं